झोटवाड़ा के रिश्वत केस में 6 महिनों से फरार आरोपी एसीपी आस मोहम्मद ने कोटा में किया सरेंडर


/कोटा. पुलिस कमिश्नरेट के झोटवाड़ा थाने के हाई प्रोफाइल घूसकांड में छह माह फरार एसीपी आस मोहम्मद ने शुक्रवार को कोटा में अनुसंधान अधिकारी एएसपी ठाकुर चंद्रशील के समक्ष सरेंडर कर दिया। करीब एक माह पहले ही केस का अनुसंधान एसीबी कोटा के प्रभारी एएसपी ठाकुर चंद्रशील को सौंपा गया था। उन्हें जल्द ही जयपुर लाया जाएगा। जहां कोर्ट में पेशकर रिमांड पर लिया जाएगा।

आपको बता दें कि छह माह पहले ठगी के एक मुकदमे में एक लाख रूपए की रिश्वत मांगने के आरोप में एसीपी झोटवाड़ा आसमोहम्मद का नाम सामने आया था। जिसमें जयपुर देहात एसीबी के प्रभारी नरोत्तम वर्मा के निर्देशन में एक हैडकांस्टेबल बत्तू व दलाल सुमंत सिंह को ट्रेप किया गया था। तब भनक लगने पर एसीपी आस मोहम्मद, झोटवाड़ा थानाप्रभारी प्रदीप चारण व सबइंस्पेक्टर रामलाल भूमिगत हो गए थे।

केस का अनुसंधान एएसपी देशराज यादव को सौंपा गया। बाद में, जांच कोटा के एएसपी ठाकुर चंद्रशील को सौंपी गई। इसी बीच रिश्वत केस में फरार आरोपी आस मोहम्मद के पकड़े नहीं जाने पर एसीबी कड़ा शिकंजा कसने की तैयारी में थी। एसीबी ने हर स्तर पर आरोपी की तलाश की, लेकिन सुराग नहीं लग रहा।

ऐसे में अब आरोपी को भगोड़ा घोषित करने की प्रक्रिया शुरू की गई है। सीआरपीसी की धारा 82-83 के तहत आस मोहम्मद को भगोड़ा यानी उद्घोषित अपराधी (पीओ) घोषित कराने के लिए एसीबी कोर्ट से आग्रह करने की तैयारी में थी। अब माना जा रहा है कि जल्द ही रिश्वत केस में फरार थानाप्रभारी प्रदीप चारण व सबइंस्पेक्टर रामलाल भी सरेंडर कर सकते है।