बीकानेर-कोलकाता ट्रेन को यूपी से मिला समर्थन

बीकानेर। बीकानेर-कोलकाता 22308/22307 ट्रेन को लेकर चलाए जा रहे आन्दोलन को अब राज्य से बाहर से भी समर्थन मिलना शुरू हो गया है। इस ट्रेन को सप्ताह में दो दिन चलाने की तैयारियां चल रही है। वहीं कारोबारी संगठन इसे यथावत नियमित रूप से चलाने की मांग कर रहे हैं। अधिवक्ता आर. के. दास गुप्ता के नेतृत्व में यह आन्दोलन चलाया जा रहा है। इस आन्दोलन को बीकानेर व्यापार उद्योग मंडल अपना समर्थन दे चुका है। इस संगठन के अध्यक्ष जुगल राठी एवं सचिव वीरेन्द्र किराडू ने बताया कि बीकानेर कोलकाता ट्रेन को सप्ताह में दो चलाने का असर यूपी के भदोई पर भी पड़ेगा। क्योंकि भदोई व बीकानेर के बीच वूलन का बड़े स्तर पर कारोबार होता है। दो दिन गाड़ी चलने से समय पर माल की उपलब्धता नहीं होने से वूलन हब का प्रभावित होना तय है। इसके चलते ऑल इंडिया कारपेट वूलन यार्न स्पिनर्स एंड डीलर्स एसोसिएशन भदोही के मानद महासचिव प्रेम नारायण पुरोहित ने विरोध जताते हुए अधिवक्ता आर के दास गुप्ता के इस आन्दोलन को समर्थन देने को लेकर पत्र लिखा है।

 

संगठन को लिखे पत्र में पुरोहित ने बताया कि पहले की तरह इस गाड़ी का परिचालन सप्ताह में प्रतिदिन रहने पर कालीन परिक्षेत्र भदोही-मिर्जापुर बहुत अधिक लाभान्वित होंगे और कालीन उद्योग का संवर्धन होगा। पुरोहित ने विष्वास जताया कि संगठन के प्रयासों से इस गाड़ी का परिचालन पहले की तरह प्रतिदिन होता रहेगा। अध्यक्ष राठी व सचिव किराडू ने बताया कि इस आन्दोलन को करणी इंडस्ट्रीज एसोसिएशन के अध्यक्ष महेश कोठारी ने भी समर्थन देने की घोषणा की है। अध्यक्ष कोठारी ने सरकार से बीकानेर कोलकाता बीकानेर गाड़ी को नियमित रूप से चलाने की मांग की है। गौरतलब है कि इस गाड़ी के नियमित नहीं चलने से पापड़, भुजिया, बड़ी, आचार, वूलन, सूती वस्त्र आदि कारोबार पर बुरा असर पड़ेगा और कोरोनाकाल में मंदी का शिकार उद्योग एवं व्यापार आर्थिक रूप से बुरी तरह से पिछड़ जाएगा।

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