जेल में बंदियों से अवैध वसूली का मामला, एसीबी ने जेलर समेत तीन को किया गिरफ्तार


भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) ने बुधवार गुरुवार की दरमियानी रात अजमेर जेल में कार्रवाई करते हुए जेलर समेत तीन को गिरफ्तार किया। बता दें कि कुछ समय पहले जेल में बंद विचाराधीन बंदियों को धमकाकर, प्रताड़ना देकर और सुविधाएं प्रदान करने के बहाने चौथ वसूली का मामला सामने आया था, जिसके चलते इस कार्रवाई को अंजाम दिया गया। इस मामले में एसीबी ने 9 अभियुक्तों को पहली ही गिरफ्तार कर चुकी है। अब ये संख्या 12 पहुंच गई है।

एसीबी के अनुसार, कार्रवाई के दौरान जेलर जसवंत सिंह, राजेंद्र चौधरी और अनिल सिंह चौधरी को गिरफ्तार किया गया। तीनों आरोपियों को एसीबी अजमेर स्थित स्पेशल यूनिट ने गिरफ्तार किया। जिसका खुलासा गुरुवार सुबह किया गया। फिलहाल तीनों आरोपियों से पूछताछ की जा रही है।  इसके साथ ही प्रकरण में अन्य जेल कर्मियों और अधिकारियों की भूमिका की भी जांच की जा रही है।

जुलाई में हुआ था मामले का खुलासा
गौरतलब है कि एसीबी द्वारा पूरे मामले का खुलासा जुलाई में किया गया था। जिसमे जेल में बंद विचाराधीन बंदियों को धमकाकर, प्रताड़ना देकर और सुविधाएं प्रदान करने के बहाने चौथ वसूली का मामला सामने आया था। जुलाई में भी भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो की टीम ने बड़ी कार्रवाई करते हुए दो जेलकर्मियों व बिचौलिए की भूमिका निभा रहे चार अन्य व्यक्तियों को गिरफ्तार कर लिया। इसके अलावा जयपुर सेंट्रल जेल के एक जेलकर्मी और पैरोल पर चल रहे बदमाश की लिप्तता भी सामने आई थी।

डेढ़ से 20 हजार रुपए तक वसूले जा रहे
जांच में सामने आया था कि जेल में कैदियों को बीड़ी का बंडल, सिगरेट के पैकेट, मोबाइल सहित अन्य सुविधाएं अवैध रूप से मुहैया कराई जा रही थीं। इसके लिए डेढ़ से 20 हजार रुपए तक वसूले जा रहे थे। यह गिरोह हर महीने करीब 25 लाख रुपए की काली कमाई करता था। कैदियों के परिजनों से यह राशि बैंक खातों में जमा कराई जाती थी।