खराब मौसम के बीच विमानों की लैंडिंग और टेक ऑफ में लापरवाही हुई तो सख्त कार्रवाई करेंगे: डीजीसीए


मानसून सीजन में बारिश के कारण विमानों के रनवे से फिसलने की घटनाओं को लेकर डीजीसीए ने एयरलाइन ऑपरेटरों को सर्कुलर जारी किया है। इसमें मंगलवार को डीजीसीए ने कहा कि खराब मौसम में विमानों की लैंडिंग और टेक ऑफ के दौरान एयर सेफ्टी सर्कुलर का सख्ती से पालन करें। अगर इसमें लापरवाही बरती गई तो कंपनियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। पिछले दिनों मुंबई, कोलकाता, सूरत और मेंगलुरु एयरपोर्ट पर विमान फिसल गए थे। हालांकि, इस दौरान किसी तरह के जानमाल का नुकसान नहीं हुआ था।

डीजीसीए अरुण कुमार ने एयरलाइन्स के सुरक्षा प्रमुखों को निर्देश दिए गए हैं कि अगर विमान उतारने के दौरान मौसम की परिस्थितियां विपरीत हैं तो लैंडिंग टाल दी जाए। अपने सभी पायलटों को पहले से सुरक्षा नियमों की जानकारी दें। साथ ही कहा है कि अगर एयरलाइन यात्रियों की सुरक्षा से खिलवाड़ या सर्कुलर का पालन करने में लापरवाही करती हैं तो उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

पिछले दिनों विमान फिसलने की घटनाएं
2 जुलाई: 
मुंबई एयरपोर्ट पर मंगलवार रात बारिश के कारण बड़ा हादसा टला। यहां जयपुर से आई स्पाइसजेट (एसजी 6237) फ्लाइट फिसली गई थी। हादसे के बाद एयरपोर्ट के मुख्य रनवे को बंद कर दिया गया और दूसरे रनवे से काम चलाया जा रहा है। इस हादसे में कोई हताहत नहीं हुआ है। रिकवरी टीम विमान को घास से वापस रनवे पर लाने की कोशिश कर रही है।

2 जून: स्पाइस जेट फ्लाइट कोलकाता एयरपोर्ट पर रनवे से फिसली। चार लाइटों को नुकसान पहुंचा था।

30 जून: कर्नाटक के मेंगलुरु में रविवार को एयर इंडिया का विमान रनवे पर फिसल गया। दुबई से आ रहे इस विमान में 183 यात्री और 6 क्रू मेंबर थे। हादसे में किसी को चोट नहीं आई।
30 जून: गुजरात के सूरत एयरपोर्ट पर रविवार को बड़ा हादसा होते-होते बचा था। भोपाल से आई फ्लाइट कम विजिबिलिटी के चलते लैंडिंग के दौरान फिसल गई और रनवे एंड सेफ्टी एरिया (रेसा) से आगे निकल कर कीचड़ में रुकी थी। इसमें क्रू और 47 यात्री सवार थे।