10 दिनों में पंजीकृत दिव्यांग जनों को निशक्तता प्रमाण पत्र जारी करने के दिए निर्देश



जयपुर। मुख्य सचिव अशोक जैन ने समस्त जिला कलेक्टर मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे आगामी 10 दिनों में पंजीकृत दिव्यांग जनों में से कम से कम 5 लाख दिव्यांग जनों को निशक्तता प्रमाण पत्र जारी करने के लिए ग्राम स्तर पर कार्य योजना बनाकर काम करें। उन्होंने प्रथम बार पंजीकृत दिव्यांग जनों को प्राथमिकता से निशक्तता प्रमाण पत्र जारी करने के निर्देश दिए।

जैन गुरुवार को शासन सचिवालय में वीडियो कांफ्रेंस के माध्यम से समस्त जिला कलेक्टर एवं मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारियों से संचालित पंडित दीनदयाल उपाध्याय विशेष योग्यजन के अभियान के दूसरे चरण की प्रगति की समीक्षा कर रहे थे।
उन्होंने प्रदेश में अब तक निशक्तता प्रमाण पत्र कम संख्या में जारी करने पर गहरी नाराजगी जताते निर्देश दिए कि पहली बार पंजीकरण तक लाने के लिए व्यू रचना तैयार कर धार्मिक संगठनों ,जनप्रतिनिधियों ,आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं विधायक का सहयोग लिया जाए । उन्होंने निशक्तता प्रमाण पत्रों की जिलेवार जानकारी लेते निर्देश दिए कि प्रदेश में 5 तरह के व्यक्तित्व को कोई निशक्तता प्रमाण पत्र प्रदान किए जाने हैं इसलिए आयोजित शिविर में 5 तरह के निशक्तों को भी बुलाया जावे। उन्होंने बताया कि निशक्त प्रमाण पत्र बनाने के लिए शिविरों तक लाने के लिए मोटिवेशन के लिए प्रति दिव्यांग 50 के हिसाब से जिलों आवंटित राशि आवंटित की गई है । जैन ने जिला कलेक्टरों को यह भी निर्देश दिया कि मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी को ब्लॉक वार पंजीकृत दिव्यांग जनों की दिए जाने वाले निशक्त प्रमाण पत्रों की सूचना प्रतिदिन प्रदेश स्तर पर भिजवाए। उन्होंने जारी प्रमाण पत्र के आधार पर यह भी आंकलन करने के लिए दिव्यांगों को क्या उपकरण एवं सहायता दी जानी है इसी का आंकलन कर सूचना भिजवाएं।
इस अवसर पर चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग के प्रमुख शासन सचिव वीनू गुप्ता ने समस्त चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारियों को निर्देश दिए की पंजीकृत दिव्या जनों का निशक्तता प्रमाण पत्र जारी करने के लिए आवश्यक दिशा दिशा निर्देशों की पालना सुनिश्चित करें। इसी प्रकार विशेष न विशेष योग्यजन निदेशक डॉ.समित शर्मा ने बताया कि हमारा मकसद प्रदेश के दिव्यांग जनों के जीवन को सरल बनाने का प्रयास करना है ,इसलिए पंजीकृत दिव्यांग जनों को समय रहते नि शक्तता प्रमाण-पत्र जारी करें । जिससे उन्हें जरुरत के अनुसार आवश्यक उपकरण एवंसहायता उपलब्ध कराई जा सके। इस अवसर पर चिकित्सा शिक्षा विभाग के शासन सचिव आनंद कुमार विशेष योग्यजन विभाग के निदेशक अभिताभ कोशिक आदि उपस्थित थे।