नीरव की रिमांड 27 जून तक बढ़ी; कोर्ट ने भारत से पूछा- किस जेल में रखा जाएगा, 14 दिन में बताएं


नीरव मोदी (48) को गुरुवार को लंदन की वेस्टमिंस्टर अदालत में पेश किया गया। कोर्ट ने उसकी रिमांड 27 जून तक बढ़ा दी है। जज एम्मा अर्बथनॉट ने भारत सरकार से पूछा है कि नीरव को कौनसी जेल में रखा जाएगा, इसकी जानकारी 14 दिन में दें। 13,700 करोड़ रुपए के पीएनबी घोटाले का आरोपी नीरव साउथ-वेस्ट लंदन की वांड्सवर्थ जेल में है। 19 मार्च को सेंट्रल लंदन की मेट्रो बैंक ब्रांच से नीरव की गिरफ्तारी हुई थी। वह बैंक खाता खुलवाने पहुंचा था।

8 मई को आखिरी बार नीरव की जमानत अर्जी खारिज हुई थी

  1. नीरव की जमानत अर्जी तीन बार खारिज हो चुकी है। उसने 8 मई को आखिरी बार अर्जी लगाई थी। नीरव की वकील क्लेर मोंटगोमरी ने दलील दी थी कि जमानत के लिए नीरव कोर्ट की सभी शर्तें मानने के लिए तैयार है क्योंकि वांड्सवर्थ जेल की स्थितियां रहने के लायक नहीं हैं।
  2. जज एम्मा अर्बथनॉट ने मामले को गंभीर बताते हुए कहा था कि यह बड़े फ्रॉड का मामला है जिससे भारतीय बैंक को नुकसान हुआ। मैं इस बात से संतुष्ट नहीं हूं कि सशर्त जमानत से नीरव को लेकर भारत सरकार की चिंताएं खत्म हो जाएंगी।
  3. पिछले साल जनवरी में पीएनबी घोटाले का खुलासा हुआ। उससे पहले ही नीरव विदेश भाग गया था। उसने पीएनबी की मुंबई स्थित ब्रेडी हाउस ब्रांच के अधिकारियों से मिलीभगत कर फर्जी लेटर ऑफ अंडरटेकिंग्स (एलओयू) जारी करवाए थे। भारतीय एजेंसियां उसके प्रत्यर्पण की कोशिश में जुटी हैं।