14000 में से 8500 स्कूलों में ही कंप्यूटर लैब, शिक्षक नहीं; 1300 के कंप्यूटर चोरी हो गए


प्रदेश के सरकारी स्कूलों में आईटी और डिजिटल इंडिया का सपना दम तोड़ रहा है। सरकारी आंकड़ाे में तो राजस्थान की 14 हजार सैकंडरी और सीनियर सैकंडरी स्कूलों में सूचना प्रौद्योगिकी की अवधारणा विषय में कंप्यूटर शिक्षा अनिवार्य है लेकिन कंप्यूटर लैब सिर्फ 8500 स्कूलों में ही खुल पाई…ताज्जुब कि एक भी स्कूल में कंप्यूटर टीचर और 4500 स्कूलाें में कंप्यूटर लैब ही नहीं है।

तथ्य यह भी…दो हजार से ज्यादा स्कूलों में कंप्यूटर कक्षों पर तीन-तीन ताले लगे हैं। शिक्षकों को कंप्यूटर शिक्षा से ज्यादा चिंता कंप्यूटर को चोरी से बचाने की है, क्याेंकि 1300 स्कूलों में कंप्यूटर चोरी हो चुके हैं। भास्कर ने प्रदेश के 500 से ज्यादा स्कूलों में कंप्यूटर लैब और शिक्षा के हालात जाने तो ये चौंकाने वाली जानकारियां सामने आई। जिन 8500 स्कूलों में कंप्यूटर लैब हैं, उनमें भी ज्यादातर में ताले ही लगे हैं। 25 प्रतिशत स्कूलों में 10 साल पुरानी तकनीक के आउडेटेड कंप्यूटर टेबलों रखे मिले, किसी लैब में मॉनिटर तो लगे हैं, लेकिन सीपीयू ही नहीं, चलाएं कैसे?

चोरों के पगमार्क सुरक्षित कंप्यूटर नहीं

धौलपुर की बाड़ी तहसील के आदर्श उच्च माध्यमिक विद्यालय अब्दुलपुर के 7 कंप्यूटर मई 2017 में चोरी हो गए। चोरों के पगमार्क और खाली टेबल सुरक्षित हैं। बच्चों को न चोरी होने से पहले कंप्यूटर पढ़ाया ना अब।

str

आउटडेटेड डिजिटलाइजेशन 

कंप्यूटर एक्सपर्ट हरदेव यादव बताते हैं- 10 साल पहले स्कूलों में एमएस डोस कंप्यूटर दिए गए, उनमें न इंटरनेट चल सकता है और न सीडी, यूएसबी ड्राइव। 25% स्कूलों में अब भी यही हैं। एमएस डोस 16 बिट का था, विंडो 64 बिट का है। मोनोक्रॉम मॉनिटर की जगह एलईडी आ चुके हैं। स्कूली बच्चों को आईटी की शिक्षा देनी है तो अपडेटेड वर्जन के कंप्यूटर देने ही होंगे।

मॉनीटर स्क्रीन 15 हैं, सीपीयू गायब

धौलपुर के ही आदर्श उच्च माध्यमिक चलाचौंध की लैब में 15 कंप्यूटर मॉनिटर हैं, सीपीयू नहीं। लटकते तार दिखाते हुए पंचायत सहायक बोला – इससे पढ़ाएं कंप्यूटर। छात्रों ने लैब नहीं देखा है।

भास्कर कॉल-खुली पड़ताल में हम मंत्री और सरकार का पक्ष नहीं छापेंगे

क्योंकि… सरकारी स्कूलों का हर तथ्य सरकार, मंत्री और शिक्षा विभाग के पास मौजूद है। जब वे घोषणाओं से अलग सुधार के बड़े फैसले करेंगे, तब इसी ताकत से छापेंगे।