प्रधानमंत्री को मिले तोहफे की बिक्री शुरू, प्राप्त रकम को नमामि गंगे प्रोजेक्ट में खर्च किया जाएगा


प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पिछले एक साल के दौरान मिले तोहफों की नीलामी शनिवार को नेशनल गैलरी ऑफ मॉडर्न आर्ट (एनजीएमए) में शुरू हुई। यह नीलामी प्रक्रिया 3 अक्टूबर तक चलेगी। इससे प्राप्त रकम को मोदी जी की महत्वाकांक्षी योजना नमामि गंगे प्रोजेक्ट में खर्च किया जाएगा। प्रधानमंत्री नरेेंद्र मोदी ने ट्वीट किया, “मैं जिस पर हमेशा विश्वास करता हूं उसके लिए प्रयास जारी है। सभी तोहफे और यादगार वस्तुएं, जो मैंने पिछले एक साल में पाए हैं, उसकी नीलामी की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है और यह तीन अक्टूबर तक चलेगा। इन सभी वस्तुओं की प्रदर्शनी दिल्ली में इंडिया गेट के निकट एनजीएमए में लगाई गई है।”

उन्होंने बताया, “इन तोहफों और वस्तुओं की ई-नीलामी भी होगी। नीलामी से प्राप्त राशि नमामि गंगे मिशन को दिया जाएगा। इससे गंगा को स्वच्छ बनाने में मदद मिलेगी। इस जगह पर जाएं और नीलामी में हिस्सा लें।” इस नीलामी का शुभारंभ केंद्रीय संस्कृति और पर्यटन राज्य मंत्री प्रह्लाद सिंह पटेल ने किया। प्रधानमंत्री मोदी को मिले 2,772 तोहफों की प्रदर्शनी लगाई गई है। पटेल ने बताया, “यह नीलामी 14 सितंबर से 3 अक्टूबर तक चलेगी और इसकी ई-नीलामी भी होगी।”

पहले 20 बड़े खरीददार को मोदी की तरफ से प्रोत्साहन पत्र मिलेगा

पटेल ने बताया, “पहले 20 बड़े खरीददार को प्रधानमंत्री की तरफ से प्रोत्साहन पत्र प्रदान किया जाएगा। 2,772 उत्पादों की प्रदर्शनी लगाई गई है। इसमें पेंटिंग्स, फोटोग्राफ्स, क्राफ्ट्स, शॉल, मूर्तियां शामिल हैं।” नेशनल गैलरी ऑफ मॉडर्न आर्ट की निदेशक रितू शर्मा ने कहा, “लोग उत्पादों को वेबसाइट से भी खरीद सकते हैं। इन उत्पादों की कीमत 200 रु. से शुरू होकर ढ़ाई लाख रु. के बीच होगी।”

मोदी के सूट की बिक्री 4.31 करोड़ रु. में हुई थी

इस साल फरवरी में मोदी के 1800 से अधिक तोहफों को बेचा गया। गुजरात के मुख्यमंत्री होने के दौरान मिले तोहफों की भी नीलामी की गई थी। इससे पहले, पीएम नरेंद्र मोदी का 2015 में सूट नीलाम हुआ था, जो 4.31 करोड़ रुपये में बिका था। सूरत के हीरा कारोबारी लालजी पटेल ने इस सूट को खरीदा था। तब भी नीलामी के दौरान पीएम मोदी की 450 से ज्यादा चीजें रखी गई थीं, लेकिन सबसे ज्यादा कीमत सूट की ही मिली थी।