इस मंदिर में भगवान की नहीं बल्कि पूजी जाती हैं ये चीज


भारत में ऐसे अनेकों मंदिर है जहां अलग-अलग देवी देवताओं की पूजा की जाती है लेकिन आज हम आपको एक ऐसे अनोखे मंदिर के बारे में बताएंगे जहां किसी देवी-देवता की नहीं बल्कि मिसाइलों की पूजा की जाती है। जी हां, ओडिशा के व्हीलर द्वीप पर बना ये दुनिया में अपनी ही तरह का एकमात्र अनोखा मंदिर है।

बता दें भारत की लगभग सभी मिसाइलों का प्रक्षेपण इसी द्वीप से किया जाता है। जिस जगह ये मंदिर बना है उस द्वीप की खौज भी बड़े अजीबोगरीब तरीके से हुई थी। जी हां, भारतीय वैज्ञानिकों ने एक मिसाइल के परीक्षण से इस व्हीलर द्वीप को खोजा था। मिसाइल दागने के बाद जब समंदर में उसकी खोज हुई तो जहाजों को वह कहीं नहीं मिली। आखिरकार यह डेढ़ वर्ग किलोमीटर का द्वीप दिखाई दिया जहां उस मिसाइल का मलबा पड़ा हुआ था। जहां यह मलबा पाया गया था, उसे आज पृथ्वी प्वाइंट कहा जाता है।

एक रक्षा वैज्ञानिक ने बताया कि इसी द्वीप पर एक छोटा सा मंदिर भी पाया गया। कोई आबादी न होने के बावजूद यहां मंदिर की मौजूदगी अपने आप में आश्चर्यजनक थी। बाद में डीआरडीओ ने इस मंदिर का विकास कराया और मंदिर में भारत की मिसाइलों की सफलता के लिए मन्नत मांगी जाने लगी।

दिलचस्प बात ये है कि हर लॉन्च से पहले यहां स्थित शिवमंदिर में इन मिसाइलों की सफलता की कामना की जाती है। मिसाइल पुरुष डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम हों या अग्नि पुत्री कहलाने वाली अग्नि परियोजना की निदेशक टेसी थामस या फिर मौजूदा रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन प्रमुख सभी इस मंदिर में शीश नवाने आते रहे हैं।